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स्केलिंग एंड रुट प्लेनिंग -
पहले मशीनों द्वारा दांतों में जमे प्लाक एवं कैलकुलस को हटाया जाता है फिर सावधानी से हैंडस्केलर से दांतों की जड़ों को चिकना किया जाता है जिससे पुन: कैल्कुलस आसानी से दांतों में न चिपक पाये ।
मसूड़ों की सफाई
क्यूरेटेज ग्रेसी क्यूरेट द्वारा मसूड़ों को सावधानी पूर्वक साफ किया जाता है । फिर दवाईयों द्वारा मसूड़ों की अन्दर से सफाई की जाती है ।
हडिडयों की सफाई
फ्लैप सर्जरी
सामान्यत: बैक्टिरिया हडिडयों में 2 मि-मी- तक ही प्रवेश कर पाता है, इसलिए 2-3 मि-मि- तक की हडि्डयों में पहुंच बनाकर हडिडयों की सफाई की जाती है ।
बोनरिशीपिंग
यदि इन्फेकशन हडिडयों की संरचना खराब कर दिया हो तो दांतों की हडिडयों को पुन: सही आकार में लाकर बोन ग्राफ्टिंग की जाती है ।
पायरिया से बचाव के सुझाव -
मसूड़ों की बीमारियों से अपनी जीवन शेली व आदतों में सुधार करके बचा जा सकता है इसे सेल्फ डेंटल केयर प्रोग्राम कहते हैं ।
- दांतों को सुबह व रात में दो बार साफ्ट टूथ ब्रश से साफ करना चाहिए ।
- डेन्टल फ्लास का आवाश्यकता अनुसार उपयोग करना चाहिए ।
- खाना खाने के बाद अच्छी तरह कुल्ला कर उंगली से धीरे-धीरे मसूड़ों की मसाज 1 मिनट तक करनी चाहिए
- 3 से 4 महीनों में टूथ ब्रस बदल देना चाहिए ।
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