Page 1 of 2 | Next |
पायरिया एक मुसीबत
दांतों के विषय में यह आम धारणा है कि बढती उम्र के साथ दांतों का कमजोर होकर गिर जाना एक सामान्य प्रक्रिया है,जबकि वास्तव में ऎसा नहीं है| यह एक प्रकार की मसूडों की बीमारी पायरिया है जो किसी भी उम्र में हो सकती है । ज्यादातर वे बुजुर्ग जो अपने दांतों की सही साफ-सफाई नहीं कर सकते उनमें यह बीमारी अधिक होती है
पायरिया मसूड़ों की एक ऎसी बीमारी है जो दांतों के बाह्य सपोर्ट को धीरे-धीरे नष्ट करती है । विकासशील देश जैसे भारत में तकरीबन 4 में से 3 लोग किसी न किसी श्रेणी के पायरिया से पीडित है । यदि इसका सही इलाज न कराया जाए तो यह बढ जाता है जिससे दांत ढीले होकर गिर जाते हैं ।
मसूडों की बीमारी के कारण
- दांतों की सफाई अच्छी तरह से न करना मसूड़ों की बीमारियों का सूत्रधार है ।
- खान-पान में संतुलित आहार का न होना विटामिन एवं मिनरल्स की कमी का होना ।
- सिगरेट, पान मसाला, पान, तम्बाकू के सेवन से ।
- दांतों का टेढा-मेढा होना ।
- मेडिकल बीमारी जैसे डायबिटीज, प्रेग्नेन्सी स्टाराइड एवं कोन्ट्रासेप्टीव गर्भनिरोधक टेबलेट से ।
Page 1 of 2 | Next |